Athrav – Online News Portal
अपराध गुडगाँव

बिल्डर,के एस प्रोपमार्ट प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर सहित 2 आरोपितों आर्थिक अपराध शाखा-2 , गुरुग्राम की टीम ने किया गिरफ्तार।


अजीत सिन्हा की रिपोर्ट 
गुरुग्राम पुलिस ने रियल एस्टेट प्रोजेक्ट में निवेश के नाम पर धोखाधड़ी करने के मामले में के एस प्रोपमार्ट प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर सहित 2 आरोपितों आर्थिक अपराध शाखा-2 , गुरुग्राम की टीम ने आज शनिवार को  गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। इस मामले में एक मुकदमा थाना खिडक़ीदौला , गुरुग्राम में दिनांक 4 जून 2025 को दर्ज किया गया था ,और आगे की जांच की कार्रवाई की जिम्मेदारी आर्थिक अपराध शाखा -2 , गुरुग्राम को सौपी गई थी। जांच में दोषी पाए जाने पर उपरोक्त कंपनी के डायरेक्टर सहित दो आरोपितों को गिरफ्तार किए है।  

:पुलिस प्रवक्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि दिनांक 04.06.2025 को शिकायतकर्ता ने एक लिखित शिकायत के माध्यम से बताया कि केएस प्रोपमार्ट लिमिटेड के डायरेक्टर द्वारा उससे  प्रोजेक्ट “पार्क स्ट्रीट”, सेक्टर-85, गुरुग्राम में निवेश के नाम पर दो कमर्शियल यूनिट बुक करवाई तथा उस पर अच्छे रिटर्न देने की भी बात कही। इसके पश्चात आरोपित  कंपनी द्वारा आश्वासनित रिटर्न का भुगतान नहीं किया गया। आरोपित कम्पनी द्वारा बिना सहमति राशि समायोजित करके और समझौते के अनुसार उपरोक्त यूनिट्स का बायबैक भी नहीं करके उसके साथ धोखाधड़ी की गई।इस संबंध में थाना खेड़कीदौला, गुरुग्राम में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा  अंकित किया गया तथा मामले की आगामी जांच आर्थिक अपराध शाखा-II, गुरुग्राम को सौंपी गई।
आरोपित की गिरफ्तारी:
आर्थिक अपराध शाखा II, गुरुग्राम की पुलिस टीम द्वारा कार्रवाई करते हुए दिनांक 17.04.2026 को सेक्टर -109, गुरुग्राम से 2 आरोपितों  को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपितों के नाम देवेंद्र पांडेय ( उम्र 60 वर्ष, शिक्षा स्नातक)  व नवीन कुमार( उम्र 38 वर्ष, शिक्षा स्नातक) दोनों निवासी सेक्टर 109, जिला गुरुग्राम (हरियाणा) है।
आरोपित से पुलिस पूछताछ:
पुलिस पूछताछ में ज्ञात हुआ कि आरोपित  देवेंद्र पांडे, के एस प्रोपमार्ट प्राइवेट लिमिटेड का डायरेक्टर है, जिसने अपने अन्य साथी नवीन कुमार के साथ मिलकर योजनाबद्ध तरीके से शिकायतकर्ता को बार्टर डील के नाम पर गुमराह किया। आरोपितों ने शिकायतकर्ता की संपत्ति अपने नाम करवा ली तथा बदले में प्रोजेक्ट में यूनिट देने का झांसा दिया। बाद में आरोपितों ने न तो यूनिट दी और न ही कन्वेयन्स डीड करवाई, बल्कि समझौते की शर्तों का उल्लंघन करते हुए शिकायतकर्ता के साथ धोखाधड़ी की वारदात को अंजाम दिया। आरोपित नवीन ने बताया कि उपरोक्त डील में यह ब्रोकर के रूप में काम कर रहा था जो आरोपित नवीन को उपरोक्त डील से आरोपित देवेंद्र से 08 लाख रूपये प्राप्त हुए थे।
आगामी कार्यवाही:
पुलिस टीम द्वारा उपरोक्त आरोपितों  से मुकदमा  में अन्य संलिप्त आरोपितों  के संबंध में पूछताछ की जाएगी। मुकदमा  का अनुसंधान जारी है।

Related posts

20000 रूपए रिश्वत लेने के मामले में उप निरीक्षक राजकुमार के खिलाफ अदालत में एसीबी रोहतक की टीम ने चार्जशीट किया पेश।

Ajit Sinha

डीएचबीवीएन का आधुनिक एकीकृत उपभोक्ता शिकायत एवं सेवा पोर्टल, एक ही मंच पर मिल रही सभी बिजली सेवाएं : विक्रम सिंह

Ajit Sinha

फरीदाबाद: उधार का पैसा ना चुकाने पर 17 वर्षीय लड़के की गोली मार कर हत्या करने का मामला आया सामने- हिरासत में

Ajit Sinha
0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
error: Content is protected !!
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x