Athrav – Online News Portal
दिल्ली राजनीतिक राष्ट्रीय हाइलाइट्स

सुप्रिया श्रीनेत बोलीं- श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी पर प्रधानमंत्री चुप्पी तोड़कर हिंदुओं की आस्था के साथ खिलवाड़ के लिए माफी मांगें


अजीत सिन्हा की रिपोर्ट 
नई दिल्ली:कांग्रेस ने अयोध्या के श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी को महापाप करार देते हुए कहा कि भाजपा-आरएसएस के चोरों ने रामलला को ही लूट लिया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस मामले में शर्मनाक चुप्पी साधे हुए हैं। कांग्रेस कार्यालय में पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए पार्टी की सोशल मीडिया विभाग की चेयरपर्सन सुप्रिया श्रीनेत ने मांग की कि प्रधानमंत्री अपनी चुप्पी तोड़कर देश को संबोधित करें और हिंदुओं की आस्था के साथ हुए खिलवाड़ के लिए माफी मांगें।श्रीनेत ने कहा कि यह चोरी 100 करोड़ हिंदुओं की आस्था पर इतिहास में सबसे बड़ा प्रहार है। उन्होंने कहा कि राम मंदिर का फैसला सुप्रीम कोर्ट ने दिया था, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने खुद भूमि पूजन, शिलान्यास, उद्घाटन, प्राण प्रतिष्ठा, ध्वजारोहण और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का गठन किया। ट्रस्ट में आरएसएस से जुड़े लोगों को जगह दी गई और इसे आरटीआई के दायरे से बाहर रखा गया। लेकिन जब घोटाला सामने आया तो प्रधानमंत्री चुप हैं। उन्होंने कहा कि इस ट्रस्ट में शामिल चंपत राय बंसल, अनिल मिश्रा, गोविंद गिरी समेत दूसरे तमाम सदस्य आरएसएस से जुड़े हुए हैं और यह सभी मंदिर के चढ़ावा चोरी के पाप में लिप्त हैं।
कांग्रेस नेता ने मांग की कि ट्रस्ट को तुरंत भंग किया जाए। चंपत राय सहित घोटाले में शामिल सभी बड़े पदाधिकारियों के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज कर जांच कराई जाए। मंदिर की स्थापना से लेकर अब तक मिले संपूर्ण चढ़ावे और दान राशि का निष्पक्ष एवं स्वतंत्र ऑडिट हो। इस महाघोटाले की जांच सुप्रीम कोर्ट के सिटिंग जज की देखरेख में की जाए। उन्होंने इस मामले में की जा रही कार्रवाई को खानापूर्ति बताते हुए कहा कि पुलिस केवल छोटे प्यादों को पकड़ रही है, जबकि बड़े लोगों को माल ठिकाने लगाने के लिए खुला छोड़ दिया गया है।
सीसीटीवी फुटेज का हवाला देते हुए श्रीनेत ने कहा कि सिर्फ 40 दिनों के भीतर मंदिर में 70 चोरियां पकड़ी गईं। उन्होंने कहा कि जब 40 दिनों में इतनी चोरियां हो सकती हैं, तो पिछले साढ़े पांच सालों में कितनी बड़ी लूट हुई होगी। उन्होंने याद दिलाया कि दो करोड़ रुपये की जमीन दस मिनट के अंदर 18 करोड़ रुपये में मंदिर के नाम बेची गई थी। कांग्रेस नेता ने बताया कि देश-विदेश से श्रद्धालुओं द्वारा दी गईं बहुमूल्य वस्तुएं गायब हैं और लोगों को उनकी रसीदें तक नहीं मिलीं। उन्होंने सवाल किया कि सिंधी समाज द्वारा दी गई 200 किलो चांदी की ईंटें, व्यापारियों द्वारा दान की गई सोने की ईंटें, चांदी के कागभुशुंडि और कारसेवकों की सोने-चांदी की 1,250 रामशिलाएं कहां हैं? उन्होंने बताया कि एसबीआई ने गड़बड़ी की आशंका को देखते हुए तीन महीने पहले ही दान की गिनती करने वाले कुछ कर्मचारियों को हटाने की सिफारिश की थी, मगर इसे नजरअंदाज कर दिया गया। उन्होंने सवाल उठाया कि अभी तक सिर्फ 80 लाख रुपये बरामद हुए हैं, बाकी रकम कहां हैं? चंदा चोरी के आरोपों के बाद एफआईआर दर्ज करने में देरी क्यों हुई? ट्रस्ट के लोगों की नियुक्ति किस आधार पर की गई? केंद्र और प्रदेश सरकार के अंतर्गत आने वाली खुफिया एजेंसियां इस महापाप से बेखबर कैसे रहीं?कांग्रेस प्रवक्ता ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित एसआईटी की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने पूछा कि उत्तर प्रदेश की योगी सरकार एसआईटी रिपोर्ट सार्वजनिक क्यों नहीं कर रही है और वह क्या छुपाना चाहती है? उन्होंने इस रिपोर्ट को तुरंत सार्वजनिक किए जाने की मांग की।कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय केवल इस्तीफा देकर अपने पापों से नहीं बच सकते। उन्होंने एक समाचार रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि सालाना 12 करोड़ रुपये में चंपत राय की सुरक्षा में एक निजी एजेंसी के 400 सुरक्षाकर्मियों को तैनात कर रखा था। ये निजी सुरक्षाकर्मी उन स्थानों पर भी तैनात रहते थे, जहां चढ़ावे की गिनती होती थी और पैसा बैंक भेजा जाता था। उन्होंने सवाल उठाया कि केंद्रीय और राज्य बलों की मौजूदगी के बावजूद इन निजी सुरक्षाकर्मियों की क्या आवश्यकता थी?कांग्रेस नेता ने श्रीराम मंदिर दर्शन के लिए गए उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय सहित प्रदेश कांग्रेस के अन्य नेताओं को नजरबंद किए जाने को विपक्ष की आवाज दबाने की दमनकारी कोशिश बताया।

Related posts

पंचकूला में भाजपा के नवनियुक्त जिला अध्यक्षों, नवनिर्वाचित मेयर और चेयरमैनों का हुआ स्वागत और अभिनंदन

Ajit Sinha

राज्यसभा में बोले मल्लिकार्जुन खरगे- पहलगाम हमले के आतंकी न पकड़े गए और न मारे गए, प्रधानमंत्री जवाब दें

Ajit Sinha

प्रोफेसर अरुण कुमार झा ‘विश्व साहित्य शिक्षक पुरस्कार’ से सम्मानित।

Ajit Sinha
0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
error: Content is protected !!
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x