
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट
नई दिल्ली:कांग्रेस अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि पिछले 15 दिनों से पूरा विपक्ष मांग कर रहा है कि छात्रों पर हुए अन्याय , अत्याचार और बर्बरता को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सदन में बयान दें; लेकिन वे लगातार सदन से लापता हैं। उन्होंने कहा कि यदि संसद की कार्यवाही बाधित हो रही है तो इसके लिए सरकार खुद जिम्मेदार है। विपक्ष चाहता है कि सदन सुचारु रूप से चले और गृह मंत्री सदन में आकर जवाब दें।
मल्लिकार्जुन खरगे ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित अपने 10 राजाजी मार्ग निवास पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि देश की संसद पिछले 15 दिनों से चल रही है, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह सदन में नहीं आ रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि दोनों या तो संसद को नजरअंदाज कर रहे हैं या उन्हें संसद में आकर विपक्ष के सवालों का जवाब देने से डर लग रहा है। इस दौरान उनके साथ पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और मीडिया व प्रचार (संचार विभाग) के अध्यक्ष पवन खेड़ा भी मौजूद थे।
कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि विपक्षी सांसदों ने राज्यसभा के सभापति से मुलाकात कर ‘गृह मंत्री को सदन में आकर बयान देने और प्रधानमंत्री द्वारा माफी मांगने’ की अपनी दोनों मांगें रखीं। सभापति ने भी सदन में संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू से कहा कि पूरे सदन की इच्छा है कि गृह मंत्री सदन में आकर अपनी बात रखें। खरगे ने यह भी कहा कि सरकार की ओर से किरेन रिजिजू को आगे किया जा रहा है, जिनके पास निर्णय लेने का पूर्ण अधिकार नहीं है और वे हर बात के लिए शीर्ष नेतृत्व पर निर्भर हैं।कांग्रेस अध्यक्ष ने आगे कहा कि दिल्ली में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस द्वारा पैलेट गन, आंसू गैस तथा कीलों व करंट वाली लाठियों का उपयोग किया गया। पूरा विपक्ष एकजुट होकर मांग कर रहा है कि गृह मंत्री सदन में उपस्थित हों और देश को बताएं कि छात्रों पर बर्बर कार्रवाई के आदेश किसने दिए थे? खरगे ने सवाल उठाया कि अमित शाह को सदन में आकर इस बारे में एक वक्तव्य देने में क्या परेशानी है?
खरगे ने आगे कहा कि नेता प्रतिपक्ष होने के नाते जब भी वे सदन में ‘पॉइंट ऑफ ऑर्डर’ उठाते हैं या ‘नियम 267’ के तहत चर्चा की मांग करते हैं, तो सत्ता पक्ष के सांसद हंगामा करते हैं और सदन को स्थगित कर दिया जाता है।कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान पर भी पलटवार किया, जिसमें उन्होंने कहा था कि ‘मैंने छात्रों को माफ कर दिया’। खरगे ने कहा कि असल में तो प्रधानमंत्री को अपनी और अपनी सरकार की गलती मानते हुए पीड़ित छात्रों एवं उनके माता-पिता से माफी मांगनी चाहिए। खरगे ने यह भी स्पष्ट किया कि झारखंड हो, पंजाब हो, दिल्ली हो या देश का कोई अन्य राज्य, राहुल गांधी समेत पूरी कांग्रेस पार्टी देश के छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने कहा कि “चाहे हमारे गठबंधन दल की सरकार वाला राज्य हो या विपक्षी दल का, कांग्रेस छात्रों के साथ खड़ी है।” छात्रों की समस्याओं के समाधान के लिए कांग्रेस पार्टी लगातार संघर्ष करती रहेगी।
Related posts
0
0
votes
Article Rating
Subscribe
Login
0 Comments
Oldest
Newest
Most Voted

