
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट
चंडीगढ़:हरियाणा और पंजाब के मध्य एसवाईएल के विषय को लेकर मंगलवार को चंडीगढ़ में दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में इस विषय पर बिंदुवार विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में हरियाणा की सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री श्रीमती श्रुति चौधरी और पंजाब के कैबिनेट मंत्री बरिन्द्र गोयल भी मौजूद रहे।बैठक के उपरांत हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने संयुक्त प्रेस वार्ता कर बैठक की जानकारी दी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि श्री गुरु नानक देव जी ने “पवन गुरु पानी पिता माता धरत महत,” का संदेश दिया है। यह गुरुओं की पावन धरती है और गुरुओं की शिक्षाएं आज भी हमारे लिए अनमोल रतन हैं, जो हमारे लिए मार्गदर्शक है।

नायब सिंह सैनी ने कहा कि यह बैठक बेहद सकारात्मक और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई है। जब बातचीत अच्छे माहौल में होती है, तो उसका परिणाम भी सार्थक निकलता है। मुख्यमंत्री ने बताया कि दोनों राज्यों ने आपसी सहमति से यह निर्णय लिया है कि एसवाईएल से जुड़े मुद्दे पर आगे विस्तृत चर्चा के लिए सिंचाई विभाग के अधिकारियों के स्तर पर बैठकें आयोजित की जाएंगी, ताकि व्यावहारिक और स्थायी समाधान की दिशा में आगे बढ़ा जा सके। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के दिशा-निर्देशों के अनुरूप लगातार बैठकों का आयोजन किया जा रहा है और आज की बैठक भी उसी दिशा में आयोजित की गई।

पहले भी केंद्रीय जल संसाधन मंत्री सीआर पाटील की मध्यस्थता में बैठक हो चुकी है। प्रेस वार्ता के दौरान पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि आज की बैठक बड़े ही अच्छे माहौल में हुई है और इस बात पर सहमति बनी है कि पहले दोनों राज्यों के अधिकारी मिलकर इस मसले पर बैठक करेंगे। इस मौके पर हरियाणा के मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर, पंजाब के मुख्य सचिव के पी सिन्हा, हरियाणा सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अनुराग अग्रवाल सहित दोनों राज्यों के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे। इनके अलावा, दोनों राज्यों के एडवोकेट जनरल भी मौजूद रहे।
Related posts
0
0
votes
Article Rating
Subscribe
Login
0 Comments
Oldest
Newest
Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments

