अजीत सिन्हा की रिपोर्ट
पीएस कालिंदी कुंज, दक्षिण-पूर्व जिला के स्टाफ ने संकट में फंसी दो महिलाओं को जान बचाने में सफलता हासिल की है। एक महिला अपने मकान की बाल कनी से नीचे अपनी जीवन लीला समाप्त करने की नियत से छलांग लगा दी, दूसरी महिला कमरे को बंद कर लिया, और शाफ्ट में कूद गई, इसका पता तब चला जब फायर कर्मी कमरे का दरवाजा तोड़ कर घर में घुसे। दोनों महिलाएं रिश्ते ननद -भाभी लगती है। पुलिस टीम ने वक़्त रहते दोनों ननद -भाभी को एक अस्पताल में भर्ती कराया जिससे दोनों की जिंदगी बच गई। इसके आगे की जांच पुलिस कर रही है।

पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार पीएस कालिंदी कुंज में दिनांक 02.10.2026 को एक पीसीआर कॉल प्राप्त हुई, जिसमें सूचित किया गया कि कॉलर की पत्नी ने कथित रूप से अपने कमरे के अंदर से खुद को बंद कर लिया है। सूचना प्राप्त होते ही एसएचओ/कालिंदी कुंज, एसआई परवीन नं.डी-3607, एसआई अजय नं. डी-1021, एचसी ओमेंद्र नं. 2265/एसई, एचसी विक्रम नं. 2098/एसई, एचसी बाबू हलीम, सिपाही अजहरुद्दीन नं. 2312/एसई तथा सिपाही हुन्नी नं. 3393/एसई के साथ तुरंत मौके पर रवाना हुए। कॉलर के घर, डी-ब्लॉक, जैतपुर एक्सटेंशन पार्ट-II, खड्डा कॉलोनी, नई दिल्ली, पहुँचने पर पाया गया कि लगभग 25 वर्ष की एक महिला ने कथित रूप से भवन की पहली मंजिल/बालकनी से सड़क की ओर छलांग लगा दी थी और उसे चोटें आई थीं। उसे तुरंत सहायता प्रदान की गई और चिकित्सीय उपचार के लिए फेलिज अस्पताल ले जाया गया। इस बीच, एसओ राकेश सिंह के नेतृत्व में चार अग्निशमन अधिकारियों के साथ फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची। चूंकि लगभग 24 वर्ष की एक अन्य महिला ने स्वयं को अपने कमरे के अंदर बंद कर लिया था, इसलिए फायर ब्रिगेड टीम की सहायता से दरवाजा तोड़कर/खोलकर प्रवेश किया गया। कमरा खोलने पर महिला के कथित रूप से घर के शाफ्ट में कूद जाने का पता चला। पुलिस और फायर ब्रिगेड कर्मियों ने तुरंत समन्वित बचाव अभियान चलाया और फायर ब्रिगेड स्टाफ की सहायता से महिला को शाफ्ट से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।प्रारंभिक जांच के दौरान यह पता चला कि दोनों महिलाएँ, जो ननद और भाभी के रूप में संबंधित हैं, घटना के समय घर में मौजूद थीं। एक महिला रसोई में घरेलू कार्य में लगी हुई थी, जब दूसरी ने कथित रूप से पहली महिला का वीडियो बनाया और उसे किसी अन्य व्यक्ति को भेज दिया। इसके पश्चात उक्त मुद्दे को लेकर दोनों के बीच झगड़ा/कहासुनी हुई। झगड़े के दौरान, एक महिला ने कथित तौर पर बालकनी से नीचे सड़क की ओर छलांग लगा दी और उसे चोटें आईं। इसके बाद, दूसरी महिला ने कथित तौर पर अपने कमरे के अंदर खुद को बंद कर लिया। जब अग्निशमन दल के कर्मियों की सहायता से कमरे को तोड़ा/खोला गया, तो वह महिला कथित तौर पर घर के एक शाफ्ट में कूद गई थी, जहाँ से उसे सफलतापूर्वक बचा लिया गया। इसके बाद दोनों महिलाओं को चिकित्सीय उपचार के लिए स्थानांतरित किया गया। एक महिला को पीसीआर वैन काइट-22 के माध्यम से एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जबकि दूसरी महिला को पहले उपचार के लिए फेलिज़ अस्पताल ले जाया गया था; बेहतर चिकित्सा देखभाल के लिए उसे भी पीसीआर वैन के माध्यम से एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया। पुलिस टीम की त्वरित प्रतिक्रिया तथा अग्निशमन दल और पीसीआर स्टाफ के साथ समय पर समन्वय के परिणामस्वरूप दोनों महिलाओं का सुरक्षित बचाव किया गया और उन्हें तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई, जिससे अंततः उनकी जान बच गई। दक्षिण-पूर्व जिला आपातकालीन कॉलों पर त्वरित प्रतिक्रिया देने तथा बेहतर समन्वय के साथ बचाव कार्य करने और बहुमूल्य मानव जीवन को बचाने के लिए हर संभव प्रयास करने के लिए प्रतिबद्ध है।
Related posts
0
0
votes
Article Rating
Subscribe
Login
0 Comments
Oldest
Newest
Most Voted

