अजीत सिन्हा की रिपोर्ट गुरुग्राम: विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर आईएमए गुडगाँव महिला डॉक्टर विंग, आरवी अस्पताल के अमेरिकी ऑन्कोलॉजी संस्थान (एओआई) ने कैंसर...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट फरीदाबाद:जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद द्वारा भारत विकास परिषद (बीवीपी), फरीदाबाद के अंतर्गत डॉ. सूरज प्रकाश आरोग्य केंद्र...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट फरीदाबाद: यूनिवर्सल अस्पताल दिल्ली ने आज विशाल नि:शुल्क चिकित्सा जांच शिविर बल्लभगढ़ के नए परिसर जेसीबी चौक ,संजय कालोनी में आयोजित...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट नई दिल्ली:मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में दिल्ली के लोगों के लिए विश्व स्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित करना दिल्ली सरकार की...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट फरीदाबाद: उपायुक्त विक्रम सिंह के दिशा निर्देशों अनुसार पीएनडीटी के नोडल ऑफिसर डॉक्टर मान सिंह के नेतृत्व में कार्रवाई करते हुए फरीदाबाद...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट फरीदाबाद के अमृता अस्पताल में पल्मोनरी मेडिसिन विभाग सभी गंभीर स्तरों के अस्थमा रोगियों को हर प्रकार की सुविधाएं एक ही छत के नीचे प्रदा की जाएगी।क्लिनिक का उद्देश्य रोगियों को व्यापक और उच्च गुणवत्ता वाली देखभाल प्रदान करना है।रविवार को यहां स्पेशलिटी प्रिसिशन क्लिनिक का शुभारंभ करते हुए अमृता अस्पताल फरीदाबाद के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. संजीव सिंह ने कहा,”ब्रोन्कियल अस्थमा हमारे देश में एक सामान्य लेकिन खराब तरीके से प्रबंधित श्वसन रोग है। अस्थमा के रोगियों को अपनी बीमारी के व्यापक प्रबंधन की आवश्यकता होती है और उनके प्रबंधन के लिए अक्सर विशेषज्ञ सलाह की आवश्यकता होती है। गंभीर अस्थमा वाले लोगों को कुछ जांच और प्रबंधन प्रोटोकॉल की आवश्यकता होती है, जो केवल कुछ विशेषज्ञ केंद्रों पर उपलब्ध हैं। यह सुविधा अस्थमा के चरम रूप से पीड़ित लोगों को अत्याधुनिक चिकित्सा सेवाएं प्रदान करेगी। हमें इस क्लिनिक को लॉन्च करते हुए खुशी हो रही है। यह क्लिनिक स्वास्थ्य सेवा उत्कृष्टता में एक बेंचमार्क होगा और यह रोगी-केंद्रित,सस्ता और आबादी के सभी वर्गों के लिए सुलभ होगा।”पल्मोनरी मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. अर्जुन खन्ना ने कहा, “यह देश के इस हिस्से में अपनी तरह का पहला क्लिनिक होगा, जहां सबसे ज्यादा अस्थमा के रोगी हैं।इस क्लिनिक में एक ही छत के नीचे अस्थमा से संबंधित सभी जांचों की सुविधा उपलब्ध होगी। ऐसे कई उपकरण और नैदानिक तौर-तरीके हैं जो उत्तर भारत के अधिकांश अस्पतालों में उपलब्ध नहीं हैं। क्लिनिक की यूएसपी यह है कि सबसे उन्नत परीक्षण सभी एक ही छत के नीचे, एक ही वक़्त पर उपलब्ध हैं।पल्मोनरी मेडिसिन विभाग के कंसलटेंट डॉ. सौरभ पाहुजा ने कहा,”बहुत गंभीर अस्थमा वाले मरीजों को बायोलॉजिक्स जैसी कुछ दवाओं की आवश्यकता होती है। इसलिए,जिन्हें...
अजीत सिन्हा की रिपोर्ट चंडीगढ़:राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (एन.सी.एस.सी.) के चेयरमैन विजय सांपला ने हरियाणा के मेडिकल कॉलजों के ऍमबीबीएस व् अन्य मेडिकल कोर्स के...