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दिल्ली नई दिल्ली

केंद्रीय रेल मंत्री पीयूष गोयल प्रवासी मजदूरों को राहत पहुंचाने के लिए बड़ी घोषणा की है।

नई दिल्‍ली: केंद्रीय रेल मंत्री पीयूष गोयल प्रवासी मजदूरों को राहत पहुंचाने के लिए बड़ी घोषणा की है। उनका कहना है कि प्रवासी मजदूरों को बड़ी राहत पहुंचाने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे देश के किसी भी जिले से ‘श्रमिक स्पेशल’ ट्रेन चलाने को तैयार है। जिला कलेक्टर को फंसे हुए श्रमिकों के नाम व उनके गंतव्य स्टेशन की लिस्ट तैयार कर राज्य के नोडल ऑफिसर के माध्यम से रेलवे को आवेदन करना होगा। गोयल ने एक ट्वीट के माध्यम से कहा कि रेलवे देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए किसी भी जिले से श्रमिक स्पेशल ट्रेन चलाने को तैयार है। इसके लिए संबंधित जिले के जिलाधिकारी को श्रमिकों की सूची और उनके गंतव्य के विवरण के साथ नोडल अधिकारी के माध्यम से आवेदन करना होगा। रेलमंत्री ने अपने ट्वीट के साथ राज्यों के नोडल अधिकारियों की सूची भी संलग्न की है।


इससे पहले उन्‍होंने कहा था कि वह हर दिन 300 ट्रेनें चलाने को तैयार हैं, लेकिन कई राज्यों से इसकी अनुमति नहीं मिल रही है। इसके चलते प्रवासी मजदूरों को यह कष्ट सहना पड़ रहा है। उन्होंने इस दौरान पश्चिम बंगाल, झारखंड,राजस्थान और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों के रवैये की जमकर आलोचना की और कहा कि इन राज्यों से अब तक सिर्फ कुछ ही ट्रेनों को चलाने की अनुमति मिली है। पीयूष गोयल ने साफ किया कि अब तक एक हजार श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चलाने की स्वीकृति मिली है। कुल चलाई गई श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में से 75 फीसद ट्रेनें उत्तर प्रदेश और बिहार के लिए चलाई गई हैं। शनिवार को रेल मंत्रालय ने ट्वीट करके बताया कि अब तक श्रमिक स्पेशल ट्रेन के जरिए करीब 14 लाख लोगों को उनकी मंजिल तक पहुंचा दिया गया है। ट्वीट में आगे बताया गया कि भारतीय रेलवे ने देश भर में 1074 श्रमिक स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया है। पिछले 3 दिनों के दौरान प्रतिदिन दो लाख से अधिक व्यक्तियों को परिवहन किया गया है।

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