Athrav – Online News Portal
चंडीगढ़ दिल्ली हरियाणा

हरियाणा को कृषि एवं किसानों को प्रोत्साहन देने के लिए नई दिल्ली में मिला पॉलिसी लीडरशिप अवार्ड

अजीत सिन्हा की रिपोर्ट 
चंडीगढ़:हरियाणा को कृषि व किसान कल्याण के क्षेत्र मे उल्लेखनीय कार्य करने के लिए पॉलिसी लीडरशिप अवार्ड मिला है। केंद्रीय उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री  पीयूष गोयल ने आज देर शाम नई दिल्ली में आयोजित 16वें एग्रीकल्चर लीडरशिप कान्क्लेव -2025 में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को यह सम्मान प्रदान किया। मुख्यमंत्री ने यह सम्मान प्राप्त कर इस उपलब्धि का श्रेय प्रदेश के कर्मठ और परिश्रमी किसानों को दिया।हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि खेती केवल व्यवसाय नहीं है, यह हमारी संस्कृति है, हमारी आत्मा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत-2047 का जो संकल्प लिया है उसमें हमारा अन्नदाता उसका एक प्रमुख स्तंभ है। एक विकसित, मजबूत और समृद्ध भारत तभी संभव होगा, जब हमारा किसान खुशहाल और आत्मनिर्भर बनेगा।

नायब सिंह सैनी ने कृषि क्षेत्र में तकनीक के प्रयोग को बढ़ावा देने के विषय पर बोलते हुए कहा कि आज डिजीटल तकनीक ने खेती को बदल दिया है। आज किसान स्मार्ट एग्रीकल्चर की ओर बढ़ रहे हैं। हमारे प्रगतिशील किसान आज खेती में ड्रोन, रिमोट सेंसिंग, एआई और डिजिटल खेती जैसे नवाचारों को अपना रहे हैं। उन्होंने बताया कि ड्रोन तकनीक से अब खेतों में कीटनाशक एवं फर्टिलाइजर्स का छिडक़ाव हो रहा है। फसल बीमा योजना की ऑनलाइन मॉनिटरिंग हो रही है। ई नेम जैसे पोर्टल से किसानों को देशभर की मंडियों तक सीधी पहुंच मिल रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का विजन आधुनिक तकनीक के माध्यम से हरियाणा की कृषि को आधुनिक, कुशल और भविष्य के लिए तैयार करना है। उन्होंने कहा कि हरियाणा में स्टार्टअप्स और कृषि उद्यमिता को लेकर सार्थक पहल की हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को हर खेत-स्वस्थ खेत अभियान के तहत 90 लाख सॉयल हेल्थ कार्ड वितरित किए जा चुके हैं। वहीं किसानों को सूक्ष्म सिंचाई तकनीकों पर 85 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है। उन्होंने बताया कि आज ड्रोन से खेतों की निगरानी करके फसल के स्वास्थ्य, कीटों के हमले या बीमारी का समय पर पता लगाया जा सकता है। आज प्रदेश में भूमि रिकॉर्ड और फसल मूल्यांकन में भी ड्रोन का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। इतना ही नहीं, ड्रोन दीदी योजना के तहत 5 हजार महिलाओं को ड्रोन प्रशिक्षण देने का लक्ष्य रखा है। इसी प्रकार  हरियाणा की 108 मंडियों को ई नेम प्लेटफॉर्म से जोड़ा जा चुका है। इससे किसान अपनी उपज को राज्य या देश की किसी भी मंडी में बेच सकते हैं, जिसमें उन्हें बेहतर मूल्य मिलता है। उन्होंने कहा कि किसान से पराली न जलाने का सरकार ने आग्रह किया है, जो किसान पराली नहीं जला रहे उन किसानों को प्रति एकड़ पंद्रह सौ रुपये देने का काम सरकार ने किया है। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा कहा गया है कि पराली प्रबंधन में हरियाणा सरकार सराहनीय काम कर रही है।सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा का देश के खाद्यान्न भंडार में योगदान देने में महत्वपूर्ण स्थान है। इसका श्रेय प्रदेश के कर्मठ, मेहनती और प्रगतिशील किसानों को जाता है। आज हरियाणा एकमात्र राज्य है, जहां किसानों की सभी 24 फसलों की खरीद एम.एस.पी. पर की जाती है। उन्होंने कहा कि मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर प्रदेश का हर किसान घर बैठे ऑनलाइन अपनी बोई गई फसल व खाली छोड़ी गई जमीन का विवरण डाल रहा है जिससे फसल बिकने के 48 घंटे के भीतर किसान को उसकी फसल का सारा पैसा उसके बैंक खाते में मिल जाता है।  पिछले दस सीजन में किसानों को एम.एस.पी. पर फसल खरीद का एक लाख 48 हजार करोड़ रुपये सीधे उनके बैंक खातों में डाले जा चुके हैं। वहीं पिछले साढ़े दस वर्षों में किसानों को प्राकृतिक आपदा से होने वाले नुकसान की भरपाई के मुआवजे के रूप में 15 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि दी गई है।कृषि में नवाचार और जल संरक्षण को प्रोत्साहन देने में मुख्यमंत्री ने मेरा पानी मेरी विरासत योजना का जिक्र करते हुए बताया कि इस योजना को पूरे देश में सराहना मिली है। अत्याधिक जल दोहन वाली धान की फसल के स्थान पर अन्य फसल बोने अथवा खेत को खाली छोड़ने पर किसान को प्रति एकड़ आठ हजार रुपए की वित्तीय सहायता दी जा रही है। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए बताया कि हरियाणा में इस योजना के तहत दो लाख बीस हजार एकड़ क्षेत्र में वैकल्पिक फसल बोने पर किसानों को अब तक 157 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता दी जा चुकी है। उन्होंने कहा कि किसान हमारी हर नीति का केंद्र बिंदु है और हम उन्हें केवल अन्नदाता नहीं बल्कि सशक्त उद्यमी बनाने की दिशा में लगातार काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मैं देश के अन्य राज्यों को संदेश देना चाहूंगा कि कृषि केवल अनाज उत्पादन तक सीमित नहीं है। यह ग्रामीण अर्थव्यवस्था तथा विकसित भारत की रीढ़ है, जिसे सशक्त बनाना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है।सम्मेलन में केंद्रीय उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को कृषि क्षेत्र में बेहतरीन नीतियां लागू करने के लिए पॉलिसी लीडरशिप अवार्ड मिलने पर जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा आज लगातार आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि हरियाणा कृषि को फायदे का व्यवसाय बनाने के लिए लगातार नई पॉलिसी लागू की हैं। अपने संबोधन में उन्होंने हरियाणा के सर्वांगीण विकास की सराहना करते हुए कहा कि हरियाणा में कृषि के साथ-साथ उद्योग , टाउनशिप डेवलपमेंट, आईटी, स्टार्टअप इकोसिस्टम को लगातार बढ़ा रहा है। उन्होंने कहा कि यह प्रदेश अपने हॉलिस्टिक डेवलपमेंट के साथ आज देश व दुनिया में एक नया मॉडल प्रस्तुत कर रहा है।समिट में उड़ीसा के उप मुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंह देव, उत्तर प्रदेश के पशुपालन मंत्री धर्मपाल सिंह, भाजपा के राष्ट्रीय सचिव ओमप्रकाश धनखड़, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष  मोहनलाल बडौली, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग हरियाणा के आयुक्त एवं सचिव पंकज अग्रवाल सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

Related posts

फरीदाबाद सीएम फ़्लाइंग ने नकली घी के फ़ैक्ट्री में छापेमारी के दौरान क्या- क्या बरामद किए हैं, मालिक अरेस्ट -जानने के लिए पढ़े

Ajit Sinha

सीएम अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली में फहराया166 फीट ऊंचा 500वां तिरंगा

Ajit Sinha

मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने  जिला जनसम्पर्क एवं कष्ट निवारण समितियों के चेयरमैनों की नियुक्ति की

Ajit Sinha
0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments
error: Content is protected !!
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x